रतलाम। पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल में नई रेल लाइन, आमान परिवर्तन (Gauge Conversion), दोहरीकरण, रोड ओवर ब्रिज (ROB), रोड अंडर ब्रिज (RUB) तथा अन्य ढांचागत कार्य तीव्र गति से प्रगति पर हैं। इसी क्रम में लगभग 204 किलोमीटर लंबी इंदौर–दाहोद नई रेल लाइन परियोजना का निर्माण कार्य प्राथमिकता के आधार पर किया जा रहा है।
परियोजना की वर्तमान स्थिति:
- दाहोद से कठ्ठीवाड़ा तथा इंदौर से टीही तक रेल लाइन निर्माण का कार्य पूर्ण हो चुका है।
- टीही से धार तथा कठ्ठीवाड़ा से झाबुआ के मध्य निर्माण कार्य प्रगति पर है। साथ ही धार से झाबुआ खंड पर भी कार्य जारी है।
- पीथमपुर के समीप लगभग 3 किमी लंबी सुरंग (टनल) का निर्माण कार्य अंतिम चरण में है, जिसमें फिनिशिंग, ट्रैक बिछाने एवं अन्य तकनीकी कार्य शामिल हैं।
- टीही–धार एवं कठ्ठीवाड़ा–झाबुआ खंडों में ट्रैक लिंकिंग, ओएचई (OHE), स्टेशन भवन, प्लेटफॉर्म निर्माण तथा सिग्नलिंग का कार्य प्रक्रियाधीन है।
समय की बचत हेतु सड़क मार्ग से लाई गई TTM मशीन
टीही के पास टनल निर्माण जारी होने के कारण, कार्य में तेजी लाने के उद्देश्य से टीटीएम (ट्रैक टेंपिंग मशीन) को सड़क मार्ग के जरिए पीथमपुर–धार खंड में लाकर सफलतापूर्वक रेलवे ट्रैक पर उतारा गया है।
16 फरवरी 2026 को क्रेन की सहायता से मशीन को पटरी पर रखा गया। शीघ्र ही नई बिछाई गई रेल लाइन पर पैकिंग का कार्य शुरू कर दिया जाएगा। इससे टनल का काम पूरा होने तक पीथमपुर–धार खंड पर ट्रैक सुदृढ़ीकरण (Strengthening) का कार्य भी समानांतर रूप से पूरा हो जाएगा। टीटीएम मशीन द्वारा ट्रैक की पैकिंग से पटरियों की समतलता, स्थिरता एवं सुरक्षा सुनिश्चित होती है, जिससे सुगम रेल संचालन का मार्ग प्रशस्त होगा।
क्षेत्रीय विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम
इंदौर–दाहोद नई रेल लाइन मध्य प्रदेश के धार एवं झाबुआ जिलों से होकर गुजरेगी, जहाँ वर्तमान में रेल संपर्क उपलब्ध नहीं है। यह परियोजना इस क्षेत्र के सामाजिक, आर्थिक एवं सांस्कृतिक विकास के लिए ‘जीवन रेखा’ सिद्ध होगी।
इसके साथ ही, इंदौर से मुंबई एवं दक्षिण भारत की दिशा में एक नया और अपेक्षाकृत छोटा रेल मार्ग उपलब्ध होगा, जिससे यात्रियों और माल परिवहन दोनों को बड़ा लाभ मिलेगा। पश्चिम रेलवे निर्माण विभाग इंदौर–धार खंड को शीघ्र प्रारंभ करने के लक्ष्य के साथ पूरी प्रतिबद्धता से कार्य कर रहा है।
